Antagarh Development: लामकन्हार में CM साय ने सुनी ‘मन की बात’, 85 लाख के विकास कार्यों की घोषणा
कांकेर के लामकन्हार में मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने ‘मन की बात’ सुनी। उन्होंने ‘हर घर मुनगा’ अभियान का उल्लेख होने पर खुशी जताई और 85 लाख रुपए के विकास कार्यों की घोषणा की।

Antagarh Development रायपुर/कांकेर, 27 सितंबर 2026। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने कांकेर जिले के अंतागढ़ विकासखंड के ग्राम लामकन्हार स्थित एकलव्य आदर्श आवासीय विद्यालय में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के रेडियो कार्यक्रम ‘मन की बात’ की 138वीं कड़ी का श्रवण किया। कार्यक्रम में प्रधानमंत्री द्वारा छत्तीसगढ़ के ‘हर घर मुनगा-घर-घर मुनगा’ अभियान का उल्लेख किए जाने पर मुख्यमंत्री ने इसे प्रदेश के लिए गौरव का विषय बताया।
मुख्यमंत्री ने कहा कि ‘मन की बात’ के माध्यम से जनभागीदारी से होने वाले सकारात्मक बदलावों और स्थानीय नवाचारों को राष्ट्रीय मंच मिलता है। उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ के प्रयासों का उल्लेख प्रदेशवासियों के परिश्रम और सहभागिता को पहचान देने के साथ बेहतर कार्य करने की प्रेरणा भी देता है।
‘हर घर मुनगा’ अभियान को बताया महत्वपूर्ण पहल
मुख्यमंत्री ने कहा कि ‘हर घर मुनगा-घर-घर मुनगा’ अभियान कुपोषण के खिलाफ छत्तीसगढ़ की लड़ाई को जनभागीदारी से मजबूत करने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल है। मुनगा यानी मोरिंगा स्थानीय स्तर पर आसानी से उपलब्ध होने वाला पोषण स्रोत है। इसके पत्ते, फल और फूल भोजन में उपयोग किए जाते हैं तथा इनमें आयरन सहित कई पोषक तत्व पाए जाते हैं।
उन्होंने ग्रामीणों और विद्यार्थियों से अपने घरों में मुनगा का पौधा लगाने तथा इसके पोषण संबंधी लाभों के बारे में दूसरे लोगों को भी जागरूक करने का आह्वान किया।
‘मन की बात’ में पोषण से लेकर पर्यावरण तक चर्चा
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने ‘मन की बात’ की 138वीं कड़ी में आतंकवाद के खिलाफ भारत की नीति, जनगणना में नागरिकों की भागीदारी, सांस्कृतिक विरासत के संरक्षण, स्वच्छता, पर्यावरण संरक्षण, नशामुक्ति, खेल प्रतिभाओं को प्रोत्साहन और ‘वोकल फॉर लोकल’ सहित विभिन्न विषयों पर चर्चा की।
पोषण माह के संदर्भ में प्रधानमंत्री ने देश के अलग-अलग हिस्सों में पोषण को लेकर किए जा रहे प्रयासों का उल्लेख किया। इसी क्रम में छत्तीसगढ़ में महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा चलाए जा रहे ‘हर घर मुनगा-घर-घर मुनगा’ अभियान की चर्चा की गई।
छत्तीसगढ़ के नवाचारों को मिल रही राष्ट्रीय पहचान
मुख्यमंत्री ने कहा कि ‘मन की बात’ में छत्तीसगढ़ के जनभागीदारी आधारित प्रयासों का लगातार उल्लेख प्रदेश के लिए गौरव का विषय है। उन्होंने बताया कि इससे पहले बस्तर पंडुम, बस्तर ओलंपिक, मल्हार में मिले ऐतिहासिक ताम्रपत्र और कोरिया जिले के ‘5 प्रतिशत जल संचय मॉडल’ जैसे प्रयासों की भी चर्चा हो चुकी है।
उन्होंने कहा कि कोरिया का जल संचय मॉडल स्थानीय जरूरत और जनभागीदारी पर आधारित है। इसके तहत किसान अपने खेत के पांच प्रतिशत हिस्से में जल संचयन की व्यवस्था करते हैं, जिससे जरूरत के समय सिंचाई के लिए पानी उपलब्ध कराने और भूजल स्तर बढ़ाने में मदद मिलती है।
नक्सल प्रभावित क्षेत्र में विकास की नई राह
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने कहा कि बस्तर के साथ कांकेर का यह क्षेत्र भी लंबे समय तक नक्सलवाद से प्रभावित रहा है। उन्होंने कहा कि सुरक्षा बलों, केंद्र और राज्य सरकार के प्रयासों तथा स्थानीय लोगों के सहयोग से क्षेत्र में शांति और विकास का वातावरण मजबूत हो रहा है।
उन्होंने कहा कि जिन क्षेत्रों में पहले असुरक्षा की स्थिति थी, वहां अब विकास के नए अवसर बन रहे हैं। सरकार का लक्ष्य दूरस्थ क्षेत्रों के अंतिम गांव और अंतिम व्यक्ति तक शिक्षा, स्वास्थ्य, सड़क, पेयजल, संचार और रोजगार जैसी बुनियादी सुविधाएं पहुंचाना है।
लामकन्हार के लिए 85 लाख के विकास कार्य
मुख्यमंत्री ने ग्राम लामकन्हार में शिक्षा, अधोसंरचना और सामुदायिक सुविधाओं के लिए कुल 85 लाख रुपए के विकास कार्यों की घोषणा की।
शीतला मंदिर के पास सामुदायिक भवन — 15 लाख रुपए
प्राथमिक एवं माध्यमिक शाला भवन — 37 लाख रुपए
छोटे पारा में सीसी रोड — 18 लाख रुपए
एकलव्य आदर्श आवासीय विद्यालय में पुस्तकालय एवं प्रयोगशाला — 15 लाख रुपए
मुख्यमंत्री ने कहा कि दूरस्थ और जनजातीय क्षेत्रों में शिक्षा तथा बुनियादी सुविधाओं को मजबूत करना सरकार की प्राथमिकता है। इन कार्यों से ग्रामीणों और विद्यार्थियों को बेहतर सुविधाएं मिलने की उम्मीद है।
‘एक पेड़ मां के नाम’ अभियान में लगाया अमरूद का पौधा
‘मन की बात’ कार्यक्रम के बाद मुख्यमंत्री ने एकलव्य आदर्श आवासीय विद्यालय परिसर में ‘एक पेड़ मां के नाम’ अभियान के तहत अमरूद का पौधा लगाया। उन्होंने लोगों से अधिक से अधिक पौधे लगाने और उनकी नियमित देखभाल करने का आह्वान किया।
कार्यक्रम में स्कूली छात्र-छात्राओं और ग्रामीणों ने भी ‘मन की बात’ सुनी। इस अवसर पर सांसद भोजराज नाग, अंतागढ़ विधायक विक्रम उसेंडी सहित जनप्रतिनिधि, अधिकारी-कर्मचारी, विद्यार्थी और बड़ी संख्या में ग्रामीण मौजूद रहे।



