Cooperative Sugar Industry: भोरमदेव सहकारी शक्कर कारखाने को लगातार दो सत्रों में राष्ट्रीय सम्मान, केदार कश्यप ने दी बधाई
भोरमदेव सहकारी शक्कर कारखाने को पेराई सत्र 2024-25 और 2025-26 में सर्वोच्च शुगर रिकवरी के लिए राष्ट्रीय सम्मान मिलेगा। 22 सितंबर को नई दिल्ली में पुरस्कार समारोह होगा।

Cooperative Sugar Industry रायपुर। छत्तीसगढ़ के कवर्धा स्थित भोरमदेव सहकारी शक्कर कारखाने को लगातार दो पेराई सत्रों में सर्वोच्च शुगर रिकवरी के लिए राष्ट्रीय स्तर के सम्मान के लिए चयनित किया गया है। कारखाने को पेराई सत्र 2024-25 और 2025-26 में उत्कृष्ट प्रदर्शन के लिए नेशनल को-ऑपरेटिव शुगर फेडरेशन के ‘Highest Sugar Recovery Efficiency Award’ से सम्मानित किया जाएगा।
सहकारिता मंत्री ने किसानों और कारखाना प्रबंधन को दी बधाई
इस उपलब्धि के संबंध में भोरमदेव सहकारी शक्कर कारखाने के प्रबंध संचालक गौरी शंकर शर्मा ने सहकारिता मंत्री केदार कश्यप से मुलाकात की। मंत्री ने कारखाना प्रबंधन, कर्मचारियों और गन्ना उत्पादक किसानों को राष्ट्रीय स्तर पर मिली उपलब्धि के लिए बधाई दी।
केदार कश्यप ने कहा कि यह सम्मान किसानों की मेहनत, गुणवत्तापूर्ण गन्ने के उत्पादन, कारखाने की तकनीकी दक्षता और बेहतर प्रबंधन से जुड़ा है। उन्होंने कहा कि सहकारी संस्थाओं को आधुनिक, पारदर्शी, जवाबदेह और किसान हितैषी बनाने की दिशा में प्रयास किए जा रहे हैं।
डिजिटलाइजेशन और आधुनिक तकनीक पर जोर
सहकारिता मंत्री ने कहा कि सहकारी संस्थाओं को केवल आर्थिक गतिविधियों तक सीमित न रखकर ग्रामीण विकास और किसान सशक्तिकरण का माध्यम बनाने पर जोर दिया जा रहा है। सहकारिता विभाग में डिजिटलाइजेशन, पैक्स के कम्प्यूटरीकरण, आधुनिक बैंकिंग सुविधाओं के विस्तार और पारदर्शिता बढ़ाने जैसे प्रयासों पर ध्यान दिया जा रहा है।
उन्होंने कहा कि सहकारिता के माध्यम से किसानों और ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत करने के प्रयास किए जा रहे हैं। भोरमदेव सहकारी शक्कर कारखाने की लगातार दो पेराई सत्रों की उपलब्धि प्रदेश की अन्य सहकारी संस्थाओं के लिए भी बेहतर प्रदर्शन की दिशा में एक उदाहरण के रूप में सामने आई है।
22 सितंबर को नई दिल्ली में होगा सम्मान समारोह
भोरमदेव सहकारी शक्कर कारखाने को दोनों पेराई सत्रों के लिए चयनित पुरस्कार 22 सितंबर को नई दिल्ली में आयोजित समारोह में प्रदान किए जाएंगे। समारोह में केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी, शिवराज सिंह चौहान और केंद्रीय सहकारिता राज्यमंत्री मुरलीधर मोहोल सहित विभिन्न राज्यों के मंत्री, वरिष्ठ अधिकारी और सहकारी चीनी मिलों के प्रतिनिधियों के शामिल होने की संभावना है।
नेशनल को-ऑपरेटिव शुगर फेडरेशन देश की करीब 260 सहकारी चीनी मिलों और नौ राज्यस्तरीय चीनी महासंघों का प्रतिनिधित्व करता है। फेडरेशन की ओर से गन्ना विकास, तकनीकी दक्षता, वित्तीय प्रबंधन, शुगर रिकवरी और अन्य क्षेत्रों में बेहतर प्रदर्शन करने वाली सहकारी चीनी मिलों को विभिन्न श्रेणियों में सम्मानित किया जाता है।



