Dhamtari Girls Toilet News: धूमा स्कूल में खुला पहला बालिका शौचालय, 6,671 ग्रामीण स्कूलों तक पहुंचेगी सुविधा
धमतरी के धूमा में ‘मेरी बेटी–मेरा अभिमान’ अभियान के तहत पहला बालिका शौचालय शुरू हुआ। राज्य के 6,671 ग्रामीण स्कूलों में शौचालय निर्माण का लक्ष्य है।

Dhamtari Girls Toilet News, 2 अक्टूबर 2026। राष्ट्रपिता महात्मा गांधी की जयंती के अवसर पर धमतरी जिले के कुरूद विकासखंड की ग्राम पंचायत धूमा में ‘मेरी बेटी–मेरा अभिमान’ अभियान के तहत राज्य के प्रथम बालिका शौचालय का उद्घाटन किया गया। विकसित भारत–रोजगार और आजीविका गारंटी मिशन (ग्रामीण) यानी वीबी-जी राम जी योजना के अंतर्गत निर्मित इस शौचालय के माध्यम से ग्रामीण स्कूलों में पढ़ने वाली बेटियों के लिए स्वच्छता, स्वास्थ्य, सुरक्षा और सम्मान से जुड़ी सुविधा उपलब्ध कराने की पहल को आगे बढ़ाया गया।
गुलाबी रंग से सजे नवनिर्मित बालिका शौचालय के उद्घाटन कार्यक्रम में छोटी बच्चियों ने हाथों में स्वच्छता, सुरक्षा और बेटियों के सम्मान से जुड़े संदेशों वाली तख्तियां लेकर जागरूकता का संदेश दिया। कार्यक्रम में ग्रामीणों, जनप्रतिनिधियों और बच्चों की सहभागिता ने गांधी जयंती के आयोजन को विशेष बनाया।
6 अगस्त से शुरू हुआ ‘मेरी बेटी–मेरा अभिमान’ अभियान
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने 6 अगस्त 2026 को वीबी-जी राम जी योजना के अंतर्गत राज्यव्यापी ‘मेरी बेटी–मेरा अभिमान’ अभियान की शुरुआत की थी। यह अभियान 15 अगस्त 2026 से 26 जनवरी 2027 तक संचालित किया जा रहा है। इसके तहत प्रदेश के ग्रामीण क्षेत्रों के 6,671 शासकीय विद्यालयों में लगभग 286.85 करोड़ रुपये की लागत से बालिका शौचालयों के निर्माण का लक्ष्य रखा गया है।
अभियान का उद्देश्य ग्रामीण विद्यालयों में अध्ययनरत बालिकाओं को सुरक्षित और स्वच्छ शौचालय की सुविधा उपलब्ध कराना है, ताकि उनके स्वास्थ्य, स्वच्छता और गरिमा के अनुकूल बेहतर वातावरण तैयार किया जा सके।
निर्माण कार्य की हुई मैदानी निगरानी
धूमा में निर्मित बालिका शौचालय की पहल केवल उद्घाटन तक सीमित नहीं रही, बल्कि निर्माण के दौरान भी इसकी लगातार निगरानी की गई। विकसित भारत-जी राम जी के आयुक्त एवं प्रधानमंत्री आवास योजना-ग्रामीण के संचालक तारन प्रकाश सिन्हा ने कुरूद विकासखंड के भ्रमण के दौरान ग्राम पंचायत धूमा पहुंचकर निर्माण कार्य का मैदानी निरीक्षण किया था।
उन्होंने निर्माण की प्रगति का जायजा लेने के साथ कार्य में लगे श्रमिकों से मजदूरी भुगतान की जानकारी भी ली थी। साथ ही अधिकारियों को समयबद्ध कार्रवाई के निर्देश दिए गए थे। लगभग एक महीने बाद गांधी जयंती के अवसर पर शौचालय का उद्घाटन हुआ, जिससे अभियान के उद्देश्य को जमीनी स्तर पर लागू करने की दिशा में पहल सामने आई है।
26 जनवरी 2027 तक हर स्कूल में बालिका शौचालय का लक्ष्य
‘मेरी बेटी–मेरा अभिमान’ अभियान के तहत शासन का लक्ष्य 26 जनवरी 2027 तक राज्य के हर स्कूल में बालिकाओं के लिए शौचालय की सुविधा सुनिश्चित करना है। इसके जरिए स्कूलों में बेटियों के लिए स्वच्छता और सम्मानजनक वातावरण उपलब्ध कराने पर जोर दिया जा रहा है।



