छत्तीसगढ़

Development Claims Exposed : विकास के दावों की खुली पोल: झोपड़ी में आंगनबाड़ी, कमरभर पानी पार कर स्कूल पहुंच रहे मासूम!

गरियाबंद के आदिवासी अंचलों में सरकारी योजनाओं का बुरा हाल; प्रशासनिक उदासीनता से अधूरे पड़े विकास कार्य

गरियाबंद न्यूज़: गरियाबंद जिले के आदिवासी अंचलों में विकास के नाम पर हर साल करोड़ों रुपये की योजनाएं संचालित की जाती हैं, लेकिन धरातल पर स्थितियां इसके ठीक विपरीत हैं। प्रशासनिक उदासीनता और अधिकारियों की लापरवाही के कारण सरकारी स्वीकृति मिलने के बाद भी विकास कार्य अधूरे पड़े हैं, जिससे ग्रामीणों और स्कूली बच्चों को भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।

झोपड़ी में आंगनबाड़ी: जिले के कई इलाकों में भवन निर्माण की स्वीकृति मिलने के बाद भी काम अधूरा है, जिसके कारण मासूम बच्चों के लिए आंगनबाड़ी का संचालन झोपड़ियों में करने को मजबूर होना पड़ रहा है।

कमरभर पानी पार कर स्कूल जाते बच्चे: पुल-पुलियों का निर्माण न होने से बारिश के दिनों में स्कूली बच्चों को जान जोखिम में डालकर उफनते नालों और कमरभर पानी को पार करके स्कूल जाना पड़ रहा है।

अफसरों की उदासीनता: योजनाओं के लिए फंड मंजूर होने के बावजूद निर्माण एजेंसियों और जिम्मेदार अधिकारियों की लचर कार्यशैली से जनजीवन बुरी तरह प्रभावित हो रहा है।

मामला सामने आने के बाद जिम्मेदार अधिकारियों ने जल्द ही अधूरे निर्माण कार्यों को पूरा कराने और व्यवस्था सुधारने का आश्वासन दिया है।

Related Articles

Back to top button