Surguja Olympics 2026: लखनपुर में ग्रामीण खिलाड़ियों ने दिखाया दमखम, मंत्री राजेश अग्रवाल ने बढ़ाया युवाओं का हौसला
सरगुजा ओलंपिक 2026 के लखनपुर ब्लॉक स्तरीय समापन समारोह में मंत्री राजेश अग्रवाल ने ग्रामीण खिलाड़ियों का उत्साह बढ़ाया। खेल प्रतिभाओं को अवसर, अभ्यास और प्रोत्साहन देने पर जोर दिया।

Surguja Olympics 2026। छत्तीसगढ़ के सरगुजा अंचल में ग्रामीण खेल प्रतिभाओं को प्रोत्साहित करने के उद्देश्य से आयोजित ब्लॉक स्तरीय सरगुजा ओलंपिक 2026 का समापन शनिवार को लखनपुर के पीएम श्री विद्यालय में हुआ। समापन समारोह में पर्यटन एवं संस्कृति मंत्री राजेश अग्रवाल शामिल हुए। इस दौरान लुण्ड्रा विधायक प्रमोद मिंज भी विशेष रूप से उपस्थित रहे। मंत्री ने खिलाड़ियों के खेल कौशल, उत्साह और जीत के जज्बे की सराहना करते हुए उनका मनोबल बढ़ाया।
मंत्री राजेश अग्रवाल ने कहा कि सरगुजा की धरती खेल प्रतिभाओं से समृद्ध है। ग्रामीण और आदिवासी क्षेत्रों में अनेक प्रतिभाशाली खिलाड़ी मौजूद हैं, जिन्हें अपनी क्षमता प्रदर्शित करने के लिए उचित अवसर और बेहतर मंच की आवश्यकता है। सरगुजा ओलंपिक जैसे आयोजन छिपी हुई प्रतिभाओं को पहचान दिलाने के साथ युवाओं में आत्मविश्वास, अनुशासन और स्वस्थ प्रतिस्पर्धा की भावना विकसित करते हैं। उन्होंने कहा कि यह आयोजन केवल खेल प्रतियोगिता नहीं, बल्कि युवाओं को अपनी क्षमताएं पहचानने और जीवन में आगे बढ़ने की प्रेरणा देने वाला महत्वपूर्ण मंच है।
प्रदेश और राष्ट्रीय स्तर पर पहचान बना सकते हैं सरगुजा के खिलाड़ी
पर्यटन मंत्री ने कहा कि सरगुजा के युवाओं में प्रतिभा, परिश्रम और संघर्ष करने की अद्भुत क्षमता है। यदि खिलाड़ी दृढ़ संकल्प, अनुशासन और नियमित अभ्यास के साथ आगे बढ़ें, तो वे जिला, राज्य और राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिताओं में अपनी पहचान बना सकते हैं। ग्रामीण क्षेत्रों के कई खिलाड़ियों को पर्याप्त अवसर नहीं मिल पाते। सरगुजा ओलंपिक उन्हें अपनी प्रतिभा निखारने और बड़े लक्ष्य निर्धारित करने के लिए प्रोत्साहित करता है। उन्होंने कहा कि सरकार और समाज का प्रयास होना चाहिए कि युवाओं को खेलों में आगे बढ़ने के बेहतर अवसर मिलें और वे अपनी उपलब्धियों से सरगुजा सहित पूरे छत्तीसगढ़ का नाम रोशन करें।
खेलों से बढ़ता है आत्मविश्वास और नेतृत्व कौशल
मंत्री राजेश अग्रवाल ने खिलाड़ियों को प्रेरित करते हुए कहा कि खेल जीवन में सफलता प्राप्त करने का महत्वपूर्ण माध्यम हैं। इनसे अनुशासन, धैर्य, टीम भावना, नेतृत्व क्षमता और कठिन परिस्थितियों का सामना करने की सीख मिलती है। खेल के मैदान में मिली जीत आत्मविश्वास बढ़ाती है, जबकि हार अपनी कमियों को पहचानकर बेहतर प्रदर्शन करने की प्रेरणा देती है। उन्होंने कहा कि प्रतियोगिता में केवल जीत हासिल करना ही महत्वपूर्ण नहीं है, बल्कि समर्पण, मेहनत और खेल भावना के साथ भाग लेना भी बड़ी उपलब्धि है। प्रत्येक खिलाड़ी को अपनी प्रतिभा पर भरोसा रखते हुए लगातार अभ्यास करना चाहिए।
खेलो इंडिया और फिट इंडिया से बढ़ रही खेलों के प्रति जागरूकता
पर्यटन एवं संस्कृति मंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देश में खेल संस्कृति को बढ़ावा देने के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं। खेलो इंडिया और फिट इंडिया जैसे अभियानों से युवाओं में खेलकूद, स्वास्थ्य और शारीरिक दक्षता के प्रति जागरूकता बढ़ी है। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में छत्तीसगढ़ सरकार भी युवाओं को खेलों में आगे बढ़ाने और खेल सुविधाओं के विकास की दिशा में काम कर रही है। उन्होंने कहा कि ग्रामीण और आदिवासी क्षेत्रों के खिलाड़ियों को उचित अवसर उपलब्ध कराना खेलों के समग्र विकास के लिए जरूरी है। स्वस्थ, ऊर्जावान और अनुशासित युवा विकसित छत्तीसगढ़ और विकसित भारत के निर्माण में अहम भूमिका निभाएंगे।
लखनपुर में खिलाड़ियों ने दिखाया उत्साह और खेल कौशल
पीएम श्री विद्यालय, लखनपुर में आयोजित ब्लॉक स्तरीय सरगुजा ओलंपिक के दौरान विभिन्न खेल विधाओं में खिलाड़ियों ने अपनी शारीरिक दक्षता, खेल कौशल और प्रतिस्पर्धात्मक क्षमता का प्रदर्शन किया। ग्रामीण क्षेत्रों से आए प्रतिभागियों की भागीदारी से आयोजन में उत्साह का माहौल रहा। प्रतियोगिताओं ने खिलाड़ियों को अपनी क्षमताएं परखने, प्रतिस्पर्धा का अनुभव प्राप्त करने और खेलों के प्रति अपनी रुचि को आगे बढ़ाने का अवसर दिया। आयोजन के माध्यम से यह संदेश भी सामने आया कि ग्रामीण क्षेत्रों में खेल प्रतिभाओं की कमी नहीं है, बल्कि उन्हें सही मंच और प्रोत्साहन की जरूरत है।
अभिभावकों, शिक्षकों और प्रशिक्षकों की भूमिका अहम
मंत्री राजेश अग्रवाल ने कहा कि बच्चों और युवाओं के सर्वांगीण विकास के लिए शिक्षा के साथ खेलकूद भी जरूरी है। खेल शारीरिक और मानसिक स्वास्थ्य को बेहतर बनाने के साथ व्यक्तित्व निर्माण में भी महत्वपूर्ण योगदान देते हैं। उन्होंने अभिभावकों से अपील की कि वे बच्चों को पढ़ाई के साथ खेल गतिविधियों में हिस्सा लेने के लिए भी प्रोत्साहित करें। उन्होंने कहा कि शिक्षकों, खेल प्रशिक्षकों, अभिभावकों और समाज के सामूहिक प्रयासों से ग्रामीण क्षेत्रों की प्रतिभाओं को आगे बढ़ाया जा सकता है। खेलों के प्रति बढ़ता उत्साह आने वाले समय में सरगुजा को खेल प्रतिभाओं के महत्वपूर्ण केंद्र के रूप में स्थापित करने में सहायक होगा।
सभी खिलाड़ियों को दी बधाई, निरंतर मेहनत करने का संदेश
समापन समारोह में मंत्री राजेश अग्रवाल ने सरगुजा ओलंपिक में हिस्सा लेने वाले सभी खिलाड़ियों को बधाई दी और उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की। उन्होंने कहा कि खेल मैदान में उतरने वाला प्रत्येक खिलाड़ी सम्मान और प्रोत्साहन का पात्र है। विजेता खिलाड़ी अपनी सफलता को आगे बढ़ने की प्रेरणा बनाएं, जबकि इस बार जीत हासिल नहीं कर पाने वाले प्रतिभागी निराश होने के बजाय अधिक मेहनत और आत्मविश्वास के साथ अगली प्रतियोगिता की तैयारी करें। उन्होंने विश्वास जताया कि सरगुजा ओलंपिक से उभरने वाली प्रतिभाएं भविष्य में प्रदेश और देश के विभिन्न खेल मंचों पर अपनी पहचान बनाएंगी। इस अवसर पर उन्होंने आयोजन से जुड़े अधिकारियों, शिक्षकों, प्रशिक्षकों और सहयोगियों के प्रयासों की सराहना की। समारोह में स्थानीय जनप्रतिनिधि, अधिकारी-कर्मचारी, शिक्षक, खेल प्रशिक्षक, खिलाड़ी और बड़ी संख्या में खेलप्रेमी उपस्थित रहे।



