छत्तीसगढ़ में ‘वीबी-जी राम जी’ योजना का भव्य आगाज: अब ग्रामीणों को मिलेगा 125 दिन का रोजगार, मजदूरी बढ़कर हुई ₹300 प्रतिदिन
कबीरधाम के गंडईखुर्द से उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा ने किया राज्य स्तरीय शुभारंभ; केंद्रीय मंत्री शिवराज सिंह चौहान तिरुपति से वर्चुअली जुड़े; छत्तीसगढ़ के लिए ₹3300 करोड़ का प्रावधान

कबीरधाम/रायपुर, 2 जुलाई 2026। छत्तीसगढ़ के ग्रामीण परिवारों को रोजगार और आजीविका की नई व मजबूत गारंटी देने के लिए आज प्रदेश में एक युगांतकारी योजना की शुरुआत हुई है। ‘विकसित भारत गारंटी फॉर रोजगार एवं आजीविका मिशन ग्रामीण’ यानी वीबी-जी राम जी (VB-G RAM JI) योजना का राज्य स्तरीय शुभारंभ आज कबीरधाम जिले के बोड़ला विकासखंड अंतर्गत ग्राम पंचायत गंडईखुर्द से किया गया।
इस भव्य कार्यक्रम में उपमुख्यमंत्री एवं पंचायत व ग्रामीण विकास मंत्री श्री विजय शर्मा मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए। वहीं, राष्ट्रीय स्तर पर इस योजना का शुभारंभ केंद्रीय ग्रामीण विकास मंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने आंध्र प्रदेश के तिरुपति से किया, जो वर्चुअल माध्यम से छत्तीसगढ़ के इस राज्य स्तरीय कार्यक्रम से भी सीधे जुड़े रहे। केंद्र सरकार ने इस योजना के तहत छत्तीसगढ़ के विकास कार्यों के लिए 3,300 करोड़ रुपये का भारी-भरकम प्रावधान किया है।
योजना की 5 बड़ी बातें: जो बदलेंगी गांवों की सूरत
125 दिनों का सुनिश्चित रोजगार: इस नई योजना के तहत अब ग्रामीण परिवारों को साल में 100 दिनों के बजाय 125 दिनों का रोजगार प्रदान किया जाएगा।
मजदूरी में बंपर बढ़ोतरी: अकुशल श्रमिकों का सम्मान बढ़ाते हुए उनकी दैनिक मजदूरी को ₹261 से बढ़ाकर सीधा ₹300 प्रतिदिन कर दिया गया है।
जॉब कार्ड का बदला रूप: अब पुराने जॉब कार्ड के स्थान पर ग्रामीणों को नया जीआरजी (GRG) कार्ड जारी किया जाएगा। (केवाईसी कराने में छत्तीसगढ़ देश में अग्रणी है)।
318 प्रकार के विकास कार्य: योजना के दायरे को बढ़ाते हुए इसमें कुल 318 तरह के कार्यों को शामिल किया गया है। इनमें जल संरक्षण के 107, ग्रामीण अधोसंरचना के 90, आजीविका संवर्धन के 86 और आपदा प्रबंधन के 35 कार्य शामिल हैं।
गांवों की ग्रेडिंग: गांवों के योजनाबद्ध विकास के लिए उन्हें ए, बी और सी श्रेणियों में विभाजित कर आत्मनिर्भर बनाया जाएगा।
गंडईखुर्द को मिली प्रदेश की पहली सौगात
इस ऐतिहासिक अवसर को यादगार बनाते हुए उपमुख्यमंत्री श्री विजय शर्मा ने वीबी-जी राम जी योजना के तहत छत्तीसगढ़ के पहले विकास कार्य के रूप में ग्राम पंचायत गंडईखुर्द में शेड निर्माण के प्रस्ताव को तत्काल स्वीकृति प्रदान की। इसी के साथ गंडईखुर्द इस योजना के तहत विकास कार्य की स्वीकृति पाने वाली प्रदेश की पहली ग्राम पंचायत बन गई है।
विकसित गांव से विकसित भारत का निर्माण: उपमुख्यमंत्री श्री विजय शर्मा ने ग्रामीणों को संबोधित करते हुए कहा कि, “यह सिर्फ रोजगार देने की योजना नहीं है, बल्कि वर्ष 2047 तक भारत को विकसित राष्ट्र बनाने का महाअभियान है। जब हमारा एक-एक गांव आत्मनिर्भर और समृद्ध बनेगा, तभी देश विकसित होगा।” पंडरिया विधायक श्रीमती भावना बोहरा ने भी इसे राज्य के इतिहास का एक स्वर्णिम क्षण बताया।
मानव श्रृंखला और “एक पेड़ मां के नाम” अभियान
योजना के व्यापक प्रचार-प्रसार के लिए कलेक्ट्रेट व जिला प्रशासन के सहयोग से कार्यक्रम में उपमुख्यमंत्री, जनप्रतिनिधियों, स्व-सहायता समूह की महिलाओं और हजारों ग्रामीणों ने एक विशाल मानव श्रृंखला (Human Chain) बनाकर विकास और एकजुटता का संदेश दिया। इसके साथ ही, पर्यावरण संरक्षण को बढ़ावा देने के लिए दशहरा मैदान क्षेत्र में “एक पेड़ मां के नाम” अभियान के तहत वृहद स्तर पर पौधरोपण भी किया गया।
कार्यक्रम में छत्तीसगढ़ गौ सेवा आयोग के अध्यक्ष श्री विशेष पटेल, कृषक कल्याण बोर्ड के अध्यक्ष श्री सुरेश चंद्रवंशी, जिला पंचायत अध्यक्ष श्रीमती ईश्वरी साहू सहित बड़ी संख्या में जनप्रतिनिधि और ग्रामीण जन उपस्थित रहे।



