Ambikapur Agra Mahakumbh News: औद्योगिक नीति 2024-30 से प्रदेश में निवेश और रोजगार को नई गति, अब तक 8.23 लाख करोड़ रुपए से अधिक के निवेश प्रस्ताव प्राप्त
मुख्यमंत्री स्टार्टअप एवं निपुण मिशन के लिए पांच वर्षों में 500 करोड़ रुपए का प्रावधान, सभी 33 जिलों में स्थापित होंगे उद्यमिता विकास केंद्र

Ambikapur Agra Mahakumbh News:, 19 सितंबर 2026। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने अंबिकापुर में आयोजित दो दिवसीय ‘अग्र महाकुंभ-2026’ का शुभारंभ किया। इस दौरान उन्होंने अग्रवाल समाज की उद्यमिता, सेवा, दानशीलता और सामाजिक योगदान की सराहना की। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश में उद्योग और निवेश के लिए अनुकूल वातावरण तैयार करने पर जोर दिया जा रहा है, जिससे रोजगार के नए अवसर विकसित हो सकें।
औद्योगिक नीति से निवेश के नए अवसर
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य की औद्योगिक नीति 2024-30 को रोजगार केंद्रित बनाया गया है। इसमें सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्योगों को प्रोत्साहन देने के साथ विभिन्न वर्गों के लिए विशेष प्रावधान किए गए हैं। पर्यटन को भी उद्योग का दर्जा दिया गया है।
उन्होंने बताया कि प्रदेश को अब तक 8.23 लाख करोड़ रुपए से अधिक के निवेश प्रस्ताव प्राप्त हो चुके हैं। इन प्रस्तावों के धरातल पर उतरने से औद्योगिक गतिविधियों के विस्तार के साथ रोजगार के अवसर बढ़ने की उम्मीद है।
स्टार्टअप और कौशल विकास पर 500 करोड़ का प्रावधान
मुख्यमंत्री ने बताया कि युवाओं की उद्यमशीलता को बढ़ावा देने के लिए ‘मुख्यमंत्री स्टार्टअप एवं निपुण मिशन’ को मंजूरी दी गई है। इसके लिए आगामी पांच वर्षों में 500 करोड़ रुपए का प्रावधान किया गया है।
मिशन के तहत प्रदेश के सभी 33 जिलों में उद्यमिता विकास केंद्र स्थापित किए जाएंगे। इसके अलावा 100 इमर्जिंग टेक्नोलॉजी लैब और 5 इंडस्ट्री सेंटर ऑफ एक्सीलेंस स्थापित करने की योजना है। इसका उद्देश्य युवाओं को तकनीक, कौशल, नवाचार और स्टार्टअप के क्षेत्र में आगे बढ़ने के अवसर उपलब्ध कराना है।
निर्यात नीति से स्थानीय उत्पादों को मिलेगा बाजार
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार ने छत्तीसगढ़ निर्यात प्रोत्साहन नीति 2026-30 को भी मंजूरी दी है। इसके माध्यम से छोटे उद्योगों, स्थानीय उत्पादों और मूल्य संवर्धित कृषि एवं औद्योगिक उत्पादों को देश और विदेश के बड़े बाजारों से जोड़ने का प्रयास किया जाएगा।
उन्होंने सरगुजा क्षेत्र में पर्यटन, कृषि आधारित उद्योग, खाद्य प्रसंस्करण और स्थानीय उत्पादों की संभावनाओं का उल्लेख करते हुए कहा कि इन क्षेत्रों में निवेश और रोजगार के नए अवसर विकसित किए जा सकते हैं।
महिलाओं और युवाओं की भागीदारी पर जोर
मुख्यमंत्री ने अग्र महाकुंभ में महिला शक्ति को विशेष स्थान दिए जाने की सराहना की। उन्होंने कहा कि महिलाएं अब व्यापार, शिक्षा, चिकित्सा, उद्योग, स्टार्टअप और समाजसेवा सहित विभिन्न क्षेत्रों में नेतृत्व कर रही हैं।
युवाओं को लेकर उन्होंने कहा कि नई पीढ़ी को आधुनिक तकनीक, नवाचार और उद्यमिता को अपनाने के साथ अपनी सामाजिक और सांस्कृतिक जड़ों से जुड़े रहना चाहिए। युवाओं को केवल नौकरी तलाशने के बजाय नए उद्यम शुरू कर अपने साथ दूसरों के लिए भी रोजगार के अवसर तैयार करने की दिशा में आगे बढ़ना चाहिए।
समाजसेवा की परंपरा का किया उल्लेख
मुख्यमंत्री ने अग्रवाल समाज की सामाजिक सेवा और परोपकार की परंपरा का उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि स्वास्थ्य शिविर, शिक्षा, धर्मशाला और अन्य जनसेवा गतिविधियों के माध्यम से समाज लंबे समय से सामाजिक जिम्मेदारी निभाता आया है।
उन्होंने महाराजा अग्रसेन के समानता, सहयोग और सहभागिता के विचारों का उल्लेख करते हुए कहा कि समाज की प्रगति तभी सार्थक है, जब विकास का लाभ अधिक से अधिक लोगों तक पहुंचे।
ट्रेड फेयर का शुभारंभ, ‘अग्रकुल दर्शन’ पत्रिका का विमोचन
अग्र महाकुंभ के दौरान मुख्यमंत्री ने ट्रेड फेयर का फीता काटकर शुभारंभ किया। उन्होंने विभिन्न स्टॉलों का अवलोकन कर उद्यमियों से उनके उत्पादों और गतिविधियों की जानकारी ली।
इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने ‘अग्रकुल दर्शन’ पत्रिका का विमोचन भी किया। साथ ही ‘दशम अग्र अलंकरण’ के माध्यम से विभिन्न क्षेत्रों में उत्कृष्ट कार्य करने वाली प्रतिभाओं को सम्मानित किया गया।
पर्यटन मंत्री ने सामाजिक सहभागिता को बताया अहम
पर्यटन एवं संस्कृति मंत्री राजेश अग्रवाल ने कहा कि अग्र महाकुंभ सामाजिक उत्तरदायित्व, संगठन शक्ति और भविष्य की दिशा पर विचार करने का अवसर है। उन्होंने महाराजा अग्रसेन की विचारधारा में समानता, सहयोग और सहभागिता को प्रमुख आधार बताया।
कार्यक्रम में सरगुजा सांसद चिंतामणी महाराज, बसना विधायक संपत अग्रवाल, छत्तीसगढ़ योग आयोग अध्यक्ष संजय अग्रवाल, पूर्व विधानसभा अध्यक्ष गौरीशंकर अग्रवाल, पूर्व कैबिनेट मंत्री अमर अग्रवाल सहित समाज के पदाधिकारी, समाजसेवी और जनप्रतिनिधि उपस्थित रहे।



