तांत्रिक का ‘खूनी’ खेल: भाई की मौत का राज बताने के नाम पर डॉक्टर से 40 लाख की ठगी; आरोपी नरेंद्र नयन शास्त्री पर FIR
गाजियाबाद के डॉक्टर ऋषभ चौबे को विशेष पूजा का झांसा देकर ऐंठे लाखों रुपये; खम्हारडीह थाना पुलिस की एफआईआर में बड़ा झोल, फरार आरोपी पहले से ही है जेल में बंद

रायपुर, 6 जुलाई 2026। अंधविश्वास और धोखेबाजी का एक बेहद चौंकाने वाला मामला राजधानी रायपुर से सामने आया है। यहाँ एक तथाकथित तांत्रिक ने भाई की मौत का गम मना रहे एक डॉक्टर की भावनाओं और मजबूरी का फायदा उठाकर उनसे करीब 40 लाख रुपये की मोटी रकम ठग ली। पीड़ित डॉक्टर की शिकायत पर रायपुर के खम्हारडीह थाना पुलिस ने आरोपी तांत्रिक नरेंद्र नयन शास्त्री के खिलाफ धोखाधड़ी (FIR) का मामला दर्ज कर लिया है। हालांकि, इस मामले में पुलिस की कार्यप्रणाली पर भी गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं।
इंदौर में हुई भाई की संदिग्ध मौत का फायदा उठाया
पुलिस में दर्ज आधिकारिक शिकायत के अनुसार, उत्तर प्रदेश के गाजियाबाद निवासी डॉक्टर ऋषभ चौबे के भाई की कुछ समय पहले मध्य प्रदेश के इंदौर में संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई थी। भाई की अचानक और रहस्यमयी मौत से पूरा परिवार सदमे में था और डॉक्टर ऋषभ किसी भी तरह मौत के पीछे की असली वजह जानना चाहते थे।
इसी दौरान उनका संपर्क रायपुर के तांत्रिक नरेंद्र नयन शास्त्री से हुआ। तांत्रिक ने दावा किया कि उसके पास ऐसी असीम शक्तियां और तांत्रिक विद्या है, जिससे वह विशेष पूजा-अनुष्ठान के जरिए भाई की मौत का पूरा सच और उसके पीछे के गुनहगारों का नाम सामने ला देगा।
विशेष पूजा के नाम पर किश्तों में ऐंठे 40 लाख
झांसे में आया डॉक्टर परिवार: भाई की मौत का सच जानने की चाह में डॉक्टर ऋषभ तांत्रिक के बुने जाल में फंस गए। आरोपी नरेंद्र नयन शास्त्री ने कभी ‘महाकाल पूजा’, कभी ‘भैरव अनुष्ठान’ तो कभी ‘अकाल मृत्यु शांति’ जैसी भारी-भरकम तांत्रिक क्रियाओं का बहाना बनाकर अलग-अलग किश्तों में डॉक्टर से कुल 40 लाख रुपये वसूल कर लिए। जब लंबा वक्त बीतने के बाद भी कोई सच सामने नहीं आया और तांत्रिक बहानेबाजी करने लगा, तब डॉक्टर को अपने साथ हुई इस बड़ी ठगी का अहसास हुआ।
पुलिस की एफआईआर में बड़ा झोल: ‘फरार’ आरोपी पहले से है जेल में!
इस पूरे मामले में खम्हारडीह पुलिस की एक बड़ी लापरवाही और अजीबोगरीब चूक भी सामने आई है। पुलिस ने पीड़ित डॉक्टर की शिकायत पर तांत्रिक नरेंद्र नयन शास्त्री के खिलाफ धोखाधड़ी का केस तो दर्ज कर लिया है, लेकिन पुलिस ने अपनी एफआईआर में आरोपी को ‘फरार’ दर्शाया है।
जबकि हकीकत और जमीनी तथ्य यह है कि आरोपी तांत्रिक नरेंद्र नयन शास्त्री किसी अन्य आपराधिक मामले में पहले से ही जेल की सलाखों के पीछे बंद है। पुलिस द्वारा जेल में बंद अपराधी को कागजों पर फरार दिखाए जाने को लेकर अब कानूनी और प्रशासनिक हलकों में तरह-तरह की चर्चाएं शुरू हो गई हैं। खम्हारडीह पुलिस अब इस मामले में आरोपी को जेल से रिमांड पर लेकर पूछताछ करने की तैयारी कर रही है।



