सरगुजा को सौगात: रामगढ़ के विकास के लिए ₹1 करोड़ की घोषणा, उदयपुर और डूमरडीह मिलकर बनेंगे नगर पंचायत
रामगढ़ महोत्सव के समापन पर बरसे सीएम साय; पहाड़ी कोरवा बच्चों का कराया शाला प्रवेश, डिजिटल इन्फ्लूएंसर्स का किया सम्मान

NV News रायपुर, 30 जून 2026। मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय की गरिमामयी उपस्थिति में सरगुजा जिले के ऐतिहासिक दो दिवसीय ‘रामगढ़ महोत्सव-2026’ का मंगलवार को भव्य समापन हुआ। समापन समारोह को संबोधित करते हुए सीएम साय ने रामगढ़ को छत्तीसगढ़ की आस्था, इतिहास और प्रकृति पूजा का जीवंत प्रतीक बताया। इस खास मौके पर उन्होंने क्षेत्र के विकास को नई गति देने के लिए ₹1 करोड़ की बड़ी घोषणा की। इसके साथ ही स्थानीय ग्रामीणों की वर्षों पुरानी मांग को पूरा करते हुए उन्होंने उदयपुर एवं डूमरडीह को आपस में मिलाकर ‘नगर पंचायत’ बनाने का भी ऐलान किया, जिससे इलाके में शहरी सुविधाओं का विस्तार हो सकेगा।
अपने संबोधन में मुख्यमंत्री ने रामगढ़ के पौराणिक और साहित्यिक महत्व को रेखांकित किया। उन्होंने कहा कि त्रेतायुग में वनवास के दौरान भगवान श्रीराम, माता सीता और लक्ष्मण ने यहाँ समय बिताया था, जिसकी स्मृतियाँ सीताबेंगरा और जोगीमारा गुफाओं में आज भी जीवंत हैं। महाकवि कालिदास की कृति ‘मेघदूतम्’ की रचना स्थली होने के कारण इसका साहित्यिक मूल्य अद्वितीय है। मुख्यमंत्री ने सरकार की उपलब्धियां गिनाते हुए बताया कि पिछले ढाई वर्षों में सरगुजा में ₹2,387 करोड़ से अधिक के विकास कार्य स्वीकृत किए गए हैं। इसके अलावा धान खरीदी, महतारी वंदन योजना और बस्तर में नक्सलवाद के खिलाफ मिली निर्णायक सफलताओं का भी उन्होंने जिक्र किया।
समारोह के दौरान मुख्यमंत्री ने एक बेहद संवेदनशील पहल करते हुए विशेष पिछड़ी जनजाति पहाड़ी कोरवा समुदाय के 6 बच्चों को तिलक लगाकर और मिठाई खिलाकर उनका शाला प्रवेश कराया। इसके साथ ही, 26 से 30 जून तक सरगुजा अंचल के पर्यटन स्थलों पर विशेष डॉक्यूमेंट्री तैयार करने वाले सोशल मीडिया ‘टूरिज्म इन्फ्लूएंसर्स’ को भी प्रमाण-पत्र देकर सम्मानित किया गया। कार्यक्रम में पर्यटन मंत्री श्री राजेश अग्रवाल और कृषि मंत्री श्री रामविचार नेताम ने भी रामगढ़ की ऐतिहासिक विरासत को सहेजने पर बल दिया। इस अवसर पर कई विधायक, आला अधिकारी और भारी संख्या में जनसमुदाय उपस्थित था।



